डीएम ने पहाड़ी गेट हस्तकला केंद्र का किया निरीक्षण, कारीगरों से जानी उत्पादों की खूबियां और बाजार की संभावनाएं
जन जन की आवाज न्यूज़ 24 रामपुर
ब्यूरो चीफ रफीउल्लाह खान की रिपोर्ट
रामपुर। जिलाधिकारी अजय कुमार द्विवेदी ने पहाड़ी गेट स्थित हस्तकला केंद्र का निरीक्षण किया। इस दौरान उन्होंने रामपुर के पारंपरिक शिल्प एवं स्थानीय उद्योग को बढ़ावा देने के उद्देश्य से कारीगरों से संवाद किया और उनके द्वारा तैयार किए जा रहे उत्पादों की डिजाइन, गुणवत्ता, बाजार में मांग तथा कच्चे माल की उपलब्धता के संबंध में जानकारी ली।
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने जरी-जरदोजी, टोपी और पतंग निर्माण से जुड़े कारीगरों से बातचीत की। कारीगरों ने बताया कि केंद्र में जरी-जरदोजी के साथ-साथ चट्टा-पट्टी साड़ियों और टोपी का निर्माण किया जा रहा है। पारंपरिक डिजाइन, बारीक कारीगरी और बेहतर बुनाई के कारण इन उत्पादों की देश के विभिन्न शहरों के अलावा खाड़ी देशों में भी मांग है।
जिलाधिकारी ने कारीगरों के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि रामपुर की पारंपरिक हस्तकला को आधुनिक बाजार से जोड़ने की जरूरत है, ताकि स्थानीय कारीगरों को उनके उत्पादों का बेहतर मूल्य मिल सके और रोजगार के अवसर भी बढ़ें।
उन्होंने उपायुक्त उद्योग अनुराग यादव को निर्देश दिए कि एक जनपद एक उत्पाद (ओडीओपी) योजना के तहत रामपुर की जरी-जरदोजी और पारंपरिक हस्तशिल्प को बड़े बाजारों तथा डिजिटल मार्केटप्लेस से जोड़ने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए। उन्होंने उत्पादों की गुणवत्ता, डिजाइन और पैकेजिंग में सुधार के साथ-साथ बाजार की मांग के अनुरूप नए उत्पाद तैयार करने पर भी जोर दिया।
आरसेटी के प्रशिक्षणार्थियों से किया संवाद
निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने बैंक ऑफ बड़ौदा आरसेटी में संचालित विभिन्न प्रशिक्षण कार्यक्रमों के प्रशिक्षणार्थियों से भी संवाद किया। उन्होंने प्रशिक्षण से जुड़ी गतिविधियों की जानकारी ली और युवाओं को अपने कौशल का उपयोग रोजगार एवं स्वरोजगार के लिए करने के लिए प्रेरित किया।
जिलाधिकारी ने कहा कि तकनीकी प्रशिक्षण के क्षेत्र में रोजगार और उद्यमिता की व्यापक संभावनाएं हैं। एयर कंडीशनर और रेफ्रिजरेटर का इस्तेमाल लगातार बढ़ने के कारण इनके रखरखाव एवं मरम्मत के लिए प्रशिक्षित तकनीकी लोगों की आवश्यकता भी रहती है। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से कहा कि वे प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त कौशल को स्वरोजगार से जोड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की दिशा में आगे बढ़ें।
प्रशिक्षण कार्यक्रमों का लिया जायजा
जिलाधिकारी ने आरसेटी में संचालित एयर कंडीशनर एवं रेफ्रिजरेटर रिपेयरिंग तथा मेंस पार्लर एवं सैलून उद्यमी प्रशिक्षण कार्यक्रमों का भी जायजा लिया। उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं, प्रशिक्षण की गुणवत्ता और संस्थान की अन्य गतिविधियों के संबंध में जानकारी ली।
उन्होंने प्रशिक्षणार्थियों से बातचीत कर उनके अनुभव भी जाने और प्रशिक्षण के बाद रोजगार एवं स्वरोजगार की दिशा में आगे बढ़ने के लिए प्रोत्साहित किया।
इस दौरान आरसेटी निदेशक श्री देशराज मीणा, श्री पुष्पराज, आरसेटी फैकल्टी श्री सरफराज हुसैन सहित अन्य अधिकारी एवं संबंधित कर्मचारी मौजूद रहे।




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